कितना कुछ बदल गया था,,,,,,,

*बहुत सालों के बाद आज जिंदगी के कुछ पुराने पंनो को खोला है,,,,,,,,,,,,,

*सोचा भी नही था इतना कुछ बदल जायेगा इन कुछ सालों मै,,,,,,,,,,,,,,,,,,,

*जिन पुराने दोस्तों को याद किये बिना एक दिन भी नही गुजरता था,,,,,,,,,,,,

*वो सब हमें कहीं पीछे छोड़कर बहुत आगे बढ़ गए है,,,,,,,,,,,,,

कल जब उनके बारे मै कुछ दोस्तों से पता किया तो पता लगा वो सब अपनी जिंदगी की नयी कहानी लिखने के मोड पर निकल गए हैं,,,,,,,,,,,,,,,,

*कितना कुछ बदल गया है और हम आज तक जहा खड़े है वही खड़े है,,,,,,,,,,,,,,,,,

*ये तो पता होता है जिंदगी बदल जाती है मगर इस तरह ये कभी नहीं सोचा था,,,,,,,,,,,,,,,,,

कितना कुछ बदल गया है इन कुछ सालों मै,,,,,,,,,,,,,,,,,,,

12 thoughts on “कितना कुछ बदल गया था,,,,,,,

  1. Same here 😭
    Kitni takleef hoti hai ye dekh kar ki sab apni life me kuch na kuch kar rhe hain, aage badh rhe hain, or hum wahi k wahi अटके हुए hain, jaise kisi ne hmari zindgi ki train ki chain hi khinch di ho
    Aise dard se insan har roz marta hai.

      1. Aap bahut लकी ho aap ki apne dosto se baat to hoti he mgr mgr mujhe to ye bhi nahi pta meri dost kaha he or kis haal me hogi ak dost se pta laga tha meri frend ki shadi hone waali he बस itna hi pta he मुझे to or kuch nahi

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